कांवड़ मेले की कमान संभालने हरिद्वार पहुंचे आईज, आनंद निलेश भरणे-डीआईजी धीरेंद्र सिंह गुंज्याल ,एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर के साथ परखी सुरक्षा व्यवस्था

कांवड़ मेले की कमान संभालने हरिद्वार पहुंचे आईज, आनंद निलेश भरणे-डीआईजी धीरेंद्र सिंह गुंज्याल ,एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर के साथ परखी सुरक्षा व्यवस्था
हरकी पैड़ी, चंडी चौक और बैरागी कैंप का किया निरीक्षण, यातायात व भीड़ प्रबंधन पर दिए सख्त निर्देश
शिवभक्तों को बांटे फल-फलाहार, उत्कृष्ट ड्यूटी करने वाले जवानों को मिला 'मैन ऑफ द डे' सम्मान
रुड़की । कांवड़ मेला-2026 के चरम दौर को देखते हुए पुलिस मुख्यालय से आईजी एसटीएफ निलेश आनंद भरणे और डीआईजी लॉ एंड ऑर्डर धीरेंद्र सिंह गुंज्याल सोमवार को हरिद्वार पहुंचे। दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर और अन्य पुलिस अधिकारियों के साथ चंडी चौक, शंकराचार्य चौक, बैरागी कैंप पार्किंग, हरकी पैड़ी समेत विभिन्न संवेदनशील क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कर सुरक्षा, यातायात और भीड़ प्रबंधन की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस कर्मियों से व्यवस्थाओं की जानकारी ली और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इसके बाद आईजी निलेश आनंद भरणे, डीआईजी धीरेंद्र सिंह गुंज्याल और एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने शिवभक्तों को फल एवं फलाहार वितरित कर उनकी सुखद एवं सुरक्षित यात्रा की कामना की। इसके पश्चात मेला कंट्रोल रूम पहुंचकर सीसीटीवी नेटवर्क के माध्यम से शहर से लेकर देहात तक की सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी का अवलोकन किया। बाद में सुपर जोनल और जोनल पुलिस अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में आगामी दिनों की रणनीति तय की गई। आईजी निलेश आनंद भरणे ने कहा कि आने वाले दिनों में कांवड़ियों की संख्या और बढ़ेगी, इसलिए यातायात व्यवस्था सुचारु रखने, छोटी से छोटी घटना का तत्काल निस्तारण करने और सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर 24 घंटे नजर बनाए रखने की आवश्यकता है। उन्होंने अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ तत्काल वैधानिक कार्रवाई के निर्देश दिए। डीआईजी धीरेंद्र सिंह गुंज्याल ने सभी अधिकारियों को टीम भावना के साथ कार्य करते हुए हर चुनौती का प्रभावी ढंग से सामना करने को कहा। वहीं एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने अधीनस्थ अधिकारियों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा व सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। बैठक के अंत में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिस कर्मियों, अर्धसैनिक बल के जवानों और एसपीओ को 'मैन ऑफ द डे' सम्मान से सम्मानित किया गया।





